Top 3 Guar Variety: किसान लगाएं इन टॉप 3 ग्वार किस्म को, खेती में मिलेगा कम खर्चे में बंपर उत्पादन, जानें पूरी जानकारी

 किसान अपने खेत में टॉप 3 ग्वार किस्म को, Top 3 Guar Variety खेती में मिलेगा कम खर्चे में बंपर उत्पादन, जानें पूरी जानकारी

 

Top 3 Guar Variety | हमारे देश में ग्वार की खेती की पैदावार सबसे अधिक होती है और हरियाणा, राजस्थान , पंजाब, गुजरात, उत्तर प्रदेश और अन्य राज्य में भी ग्वार की खेती किया जाता है। ग्वार की खेती कम समय में अधिक मुनाफा देने वाली खेती है ऐसे में जहां पर देश में सूखा क्षेत्र है। वहां पर ग्वार की खेती अधिक किया जाता है। और इसके साथ-साथ यह अधिक तापमान को सहन करने में भी सक्षम है।

गुवार की खेती से किसानों को पशुओं को हरा चारा डालने में रूप में उपयोग में लाया जाता है वहीं पैदावार बेचकर मुनाफा कमाते हैं और उसके साथ-साथ इसकी फलियां भी सब्जी के रूप में बिक्री होती है। हमारे देश में सबसे अधिक ग्वार का उत्पादन राजस्थान प्रदेश में करीब 80% तक किया जाता है।

ग्वार की टॉप 3 किस्म की जानकारी [Top 3 Guar Variety]

 

Guar Farming:  ग्वार की खेती का कार्य लगभग 3 महीने में पूरा हो जाता है बता दें कि गवार से पशुओं को हरा चारा मिलता है जिसमें सभी तरह के पौष्टिक तत्व भी पाए जाते हैं। लेकिन किसानों को गवार की खेती कर अच्छी किस्म का चुनाव करना चाहिए। ताकि उन्हें अच्छा लाभ प्राप्त हो। ऐसे में किसानों को कौन-कौन से ग्वार की Top 3 Guar Variety के बारे में हम आपको पूरी जानकारी देंगे। आप अंत तक हमारे साथ saral news पर जुड़े रहें।

 

ग्वार की किस्म आर जी सी-1031

 

इस ग्वार किस्म आर जी सी-1031 को किसान जिस जगह पर सूखा प्रभावित क्षेत्र है। वहां पर बुवाई के लिए अच्छा रहेगा। क्योंकि इसमें पानी की आवश्यकता कम रहती है। गवार की इश्क में दोनों का आकार मध्य और गुलाबी रंग का होता है। वही फलियों का आकार लंबाई और मोटी में मध्यम रहता है।

 

ग्वार आर जी सी-1031 पकने का समय और पैदावार

आर जी सी-1031 इस किस्म को पकने में समय करीब 100 से लेकर 115 दिन का समय लगता है। इस वेरायटी में फूल का समय 40 से 50 दिन में आरंभ हो जाता है। वहीं उत्पादन की बात करें तो प्रति हेक्टेयर 10 से 15 क्विंटल तक पैदावार मिलती है।

 

ग्वार की किस्म एच जी-2-20

एच जी-2-20 ग्वार की किस्म को जहां पर अच्छी बारिश हो वहां पर इसकी उपज अच्छी मिलती है बता दें कि इसके पत्तियां खुरदरी और दाना का आकार मोटा होता है। फलियों का आकार भी लंबा होता है। इस लोकेशन में अलमारी और जड़ गलन रोग भी नहीं लगता।

ग्वार एच जी-2-20 पकने का समय और पैदावार

यह एच जी-2-20 ग्वार किस्म वेरायटी पकाने की समय की बात करें तो करीब 90 से लेकर 100 दिन के अंदर तैयार हो जाता है। वहीं इसकी प्रति एकड़ पैदावार 8 से 9 क्विंटल तक होता है।

ग्वार की किस्म आर जी सी-1038

ग्वार की वैरायटी आर जी सी – 1038 एक अधिक उत्पादन देने वाली किस्म मानी जाती है। बता दें कि इसमें पत्तियों का आकार कटाव और खुरदरा जैसा होता है। वहीं इसकी फलियां लंबाई मध्यम आकार होती है। ग्वार की किस्म कई रोगों से लड़ने में सक्षम है।

 

आर जी सी-1038 का उत्पादन और पकने का समय

ग्वार की इस वैरायटी पकने की समय की बात करें तो लगभग 100 दिन से लेकर 110 दिन तक का समय रहता है। वहीं उत्पादन की बात करें तो यह किस्म सबसे अधिक उत्पादन देने वाली किस्म में से एक है। और इसमें प्रति हेक्टेयर 15 से 20 क्विंटल तक उत्पादन लिया जा सकता है।

 

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नोट 👉 किसान भाइयों आज हमने ग्वार की तीन किस्म Top 3 Guar Variety के बारे में जानकारी प्रदान किया । उम्मीद है आपको यह जानकारी अच्छी लगी। लेकिन साथियों इन तीन किस्म के अलावा आपके क्षेत्र में जो भी अच्छा उत्पादन देने वाली किस्म है। उनकी बुवाई भी करके आप अच्छा उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं। क्योंकि अलग-अलग क्षेत्र के हिसाब से अलग-अलग वैरायटी का उत्पादन भी अधिक होता है।

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