Soyabean Variety NRC 152 नई किस्म में मिलेगा 90 दिन में पकने के साथ बंपर उत्पादन, जानें सोयाबीन की नई किस्म

Soybean किसानों 90 दिन सोयाबीन की नई किस्म (Soyabean Variety NRC 152) में पकने के साथ बंपर उत्पादन, जानें सोयाबीन की नई किस्म के बारे में जानकारी …

Soyabean Variety NRC 152 | हमारे देश में सोयाबीन की खेती कई राज्यों में किया जाता है। लेकिन किसानों को इस बदलते हुए दौर में खेती करना काफी कठिन होता जा रहा है। क्योंकि कभी ज्यादा बारिश तो कभी कम बारिश और इसके साथ ही सोयाबीन की फसल में आने वाले बीमारियों के चलते किसानों को काफी खर्च उठाना पड़ता है। और बचत भी कम होने लगी है।

सोयाबीन की फसल में किसानों को हो रही दिखतों को देखते हुए इंदौर कृषि विकास केंद्र वैज्ञानिकों के द्वारा सोयाबीन की खेती के लिए नई किस्म को तैयार किया गया है। जिसे Soyabean Variety NRC 152 नाम दिया गया है बता दें कि किसानों को इस बदलते हुए मौसम में कई समस्याएं देखने को मिलती हैं।

बता दे जिसके चलते किसानों को अपनी सोयाबीन के फसल में इनकम कम होती है ऐसे में आज हम किसानों को सोयाबीन की New Soyabean variety NRC 152 किस्म के बारे में जानकारी प्रदान करेंगे। किसान भाइयों इस किस्म में अगर किसान बुवाई करते हैं तो यह किस्म 90 दिन में कटाई के लिए तैयार हो जाता है। ओर इसके साथ ही इसमें कम बारिश होने पर भी अच्छा उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है। आज जानते हैं soyabean Variety NRC 152 की प्रमुख विशेषताएं क्या क्या है।

सोयाबीन की नई किस्म एनआरसी 152 की जानकारी (New Soyabean Variety NRC 152 Details)

 

Soybean Seeds: सोयाबीन की इस उन्नत किस्म एनआरसी 152 को मध्य प्रदेश में भारतीय सोयाबीन अनुसंधान संस्थान इंदौर के वैज्ञानिकों द्वारा तैयार किया गया है। और इस किस्म को देश के 5 राज्यों में बुवाई किया जा सकता है। बता दे की सोयाबीन की यह किम जल्द ही पकाने में सहायता मिलेगी वहीं इस किस्म को महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश राज्य में बुवाई किया जा सकता है।

सोयाबीन की किस्म एनआरसी 152 का उत्पादन कितना मिलेगा

Soyabean Variety NRC 152: सोयाबीन इस किस्म को इंदौर के भारतीय सोयाबीन अनुसंधान संस्थान के द्वारा तैयार की गई। इस किस्म में प्राकृतिक गंध के लिए जिम्मेदार लाइपोक्सीजिनेज एसिड 2 के प्रति आजाद है। और इस वैरायटी को अगर किसान अपने खेत में लगाते हैं तो 90 दिन बाद ही यह पक्का तैयार हो जाएगा और इस किस्म में प्रति हेक्टेयर उत्पादन की बात करें तो करीब 38 प्रति क्विंटल का उत्पादन देने में सक्षम है। ऐसे में अगर किसान इस किस्म का चुनाव करते हैं तो उन्हें अच्छा लाभ प्राप्त हो सकता है।

किसान अगर इस किस्म को लगाना चाहते हैं। तो अपने आसपास के किसी भी मान्यता प्राप्त बीज दुकानदार या सोयाबीन अनुसंधान संस्थान से संपर्क कर बीज प्राप्त कर सकते हैं। किसान भाइयों आज हमने इस सोयाबीन की किस्म एनआरसी 152 (Soyabean Variety NRC 152) के बारे में जानकारी दिया किसान भाई किस का चुनाव करने से पहले एक बार अपने आसपास के कृषि विशेषज्ञ से संपर्क अवश्य करना चाहिए।

 

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